विपिन अग्निहोत्री के अश्लील वीडियो वायरल, नशा मुक्ति अभियान की साख पर उठे सवाल

लखनऊ / नशा मुक्ति अभियान चलाने वाले और ख़ुद को राइटर-डायरेक्टर बताने वाले विपिन अग्निहोत्री की साख पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सोशल मीडिया पर उनके कई अश्लील वीडियो वायरल होने से हड़कंप मच गया है। इन वीडियो में विपिन अग्निहोत्री को महिलाओं के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देखा जा सकता है, जिसके बाद उनके चरित्र और नशा मुक्ति अभियान की विश्वसनीयता पर सवालिया निशान लग गए हैं।

विपिन अग्निहोत्री, जो ख़ुद को सामाजिक कार्यकर्ता और नशा मुक्ति का प्रचारक बताते हैं, अब विवादों के घेरे में हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे दर्जनों वीडियो में उनकी रंगीन मिजाजी और महिलाओं के साथ अश्लील व्यवहार की तस्वीरें सामने आई हैं। ये वीडियो कथित तौर पर अलग-अलग स्थानों पर रिकॉर्ड किए गए हैं, जिनमें विपिन का व्यवहार न केवल उनकी छवि को धूमिल कर रहा है, बल्कि उनके द्वारा चलाए जा रहे नशा मुक्ति अभियान को भी कठघरे में खड़ा कर रहा है।

महिला सम्मान की बात करने वाली सरकार में शर्मनाक हरकत सामने आया है।
उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ और केंद्र में नरेंद्र मोदी की सरकार महिला सम्मान और सुरक्षा को प्राथमिकता देने का दावा करती है। ऐसे में विपिन अग्निहोत्री जैसे व्यक्ति का यह कृत्य न केवल शर्मनाक है, बल्कि समाज में महिलाओं के प्रति सम्मान की बात करने वालों के लिए एक चुनौती भी है। सोशल मीडिया पर लोगों ने इस मामले को लेकर तीखी प्रतिक्रियाएँ दी हैं और विपिन के ख़िलाफ़ कड़ी कार्रवाई की माँग की है।

*महिला आयोग और पुलिस से कार्रवाई की माँग*
इस मामले को लेकर जनता में आक्रोश बढ़ रहा है। कई सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों ने महिला आयोग और पुलिस प्रशासन से इस मामले की गहन जाँच की माँग की है। लोगों का कहना है कि डायरेक्शन और राइटिंग के नाम पर विपिन अग्निहोत्री ने महिलाओं का शोषण किया है, जिसके लिए उनके ख़िलाफ़ सख़्त कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।

*पुलिस को वायरल वीडियोज का लेना चाहिए संज्ञान*
लखनऊ कमिश्नरेट पुलिस को वायरल वीडियो का संज्ञान लेकर मामले की गंभीरता को देखते हुए विपिन अग्निहोत्री के कारनामों की बारीकी से पड़ताल करनी चाहिए।

*नशा मुक्ति अभियान पर सवाल*
विपिन अग्निहोत्री का नशा मुक्ति अभियान, जिसे वे बड़े जोर-शोर से प्रचारित करते थे, अब लोगों के निशाने पर है। जनता का कहना है कि जिस व्यक्ति पर नशा मुक्ति का संदेश देने की ज़िम्मेदारी थी, वह ख़ुद नशे और गलत आचरण में लिप्त पाया गया। इस घटना ने नशा मुक्ति अभियान की विश्वसनीयता को भी गहरा धक्का पहुँचाया है।

Amit Kumar Singh
Author: Amit Kumar Singh